मेष (Aries): इस महीने संतान, आर्थिक विषयों, अध्ययन तथा प्रणय संबंधों में मध्यम परिणाम प्राप्त होंगे। आवेश या उग्रता की संभावना अधिक रहेगी। हालांकि, राहु के राशि बदलकर चतुर्थ भाव में चले जाने से पारस्परिक संबंध में यदि कोर्इ अविश्वास की भावना होगी तो उसका अभी समाधान हो सकेगा। हालांकि, आपको विशेषकर पारिवारिक संबंधों में सावधानी बरतनी पड़ेगी। वर्तमान समय में आप घर या वर्कप्लेस पर अपने आसपास के माहौल को सुंदर बनाने के लिए सजावट में विशेष रुचि लेंगे। इसके ऊपर खर्च करने की संभावना भी है। हालांकि, एक समय में अनुमान से अधिक खर्च होने की संभावना होने से पूर्व योजना बनाएं। महीने के उत्तरार्ध में शुक्र के पंचम स्थान में आने से प्रणय जीवन में आपकी सक्रियता में वृद्धि होगी। गर्भवती महिलाओं को स्वास्थ्य संबंधी सावधानी बरतनी होगी। सूर्य अभी छठे भाव में आकर विशेषकर नौकरीपेशा लोगों को वरिष्ठ अधिकारियों से लाभ दिलाएगा। गुरु के भी राशि बदलकर सप्तम स्थान में आने से नई भागीदारी या नए करार करने के लिए उत्तम समय शुरू हुआ है। अभी आप दांपत्य जीवन का सुख भी बढ़िया ढंग से उठा सकेंगे। महीने के अंतिम सप्ताह में सूर्य के साथ बुध के युति में आने से आप अपनी बौद्धिक प्रतिभा से नौकरी में उत्तम प्रगति करेंगे।

वृषभ (Taurus): महीने के प्रारंभ में शुक्र आपके धन स्थान में स्थित होने से आप आय में वृद्धि की आशा रख सकते हैं। आपमें पराक्रम भावना भी खूब अधिक रहेगी क्योंकि सूर्य और मंगल तीसरे स्थान में है। उत्तम सुख का अहसास होने का समय है। प्रेमी-प्रेमिकाओं का आपस में कम्युनिकेशन बढ़ेगा। आप नया मकान बनवाने या पुराने मकान में रेनोवेशन कराने में व्यस्त रहेंगे। 9-10 तारीख के दौरान शत्रु एवं प्रतिस्पर्धी वर्ग से सावधान रहें। महीने के उत्तरार्ध में सूर्य राशि बदलकर चतुर्थ भाव में बुध और राहु के साथ युति में आएगा। बुध फिलहाल वक्री है। विद्यार्थियों की अध्ययन में अरुचि बढ़ सकती है। दलाली के कामकाज में सफलता मिलेगी, परंतु कोई भी सौदा करने में लापरवाही न रखें। महीने के अंत में इस अवधि के दौरान राहु राशि बदलकर आपके पराक्रम स्थान में आएगा। यह राहु अठारह मास आपकी राशि से तृतीय में भ्रमण करेगा और केतु भी आपके नौवें भाव में से भ्रमण करेगा। इस समय आपके भाई-बहनों और मित्रों के साथ संबंधों में सतर्कता रखनी पड़ेगी। मंगल-राहु की युति अंगारक योग जैसा फल प्रदान करेगी। इसके कारण साहसिक कार्यों में आपको पीछे हटना होगा। महीने के अंतिम दिनों में आपका मन विपरीत लिंग वाले व्यक्तियों की तरफ अधिक आकर्षित होगा।

मिथुन (Gemini): अगर पैतृक संपति को लेकर कोई विवाद चल रहा है तो फिलहाल अपनी तरफ से इसे आगे न बढ़ाएं। शुरुआत का समय गूढ़ और धार्मिक ज्ञान की वृद्धि के लिए बेहतर रहेगा। फिलहाल, आपके पराक्रम भाव में मंगल, सूर्य और बुध की युति है। धन स्थान में शुक्र के साथ राहु होने से आर्थिक मोर्चे पर खींचातान अधिक हो सकती है। आय की तुलना में अनावश्यक खर्च बढ़ जाएंगे। प्रफेशनल मोर्चे पर विस्तार संबंधी योजनाओं पर खर्च करने के बाद आपके प्रॉजेक्ट अधूरा छोड़ने की संभावना रहेगी। धार्मिक यात्रा की संभावनाएं भी प्रबल बनती दिखाई दे रही हैं। जो लोग कंसल्टेंसी, रिसर्च, कानून संबंधी कामकाज, दस्तावेजी प्रक्रियाओं आदि से जुड़े हुए हैं, उनको दूसरे सप्ताह में प्रगति का उत्तम अवसर मिलेगा। फिलहाल, आपके परिवार स्थान में गुरु का भ्रमण चल रहा होने से परिवार के साथ अच्छा समय बिता सकेंगे। हांलाकि, भाई-बहन के साथ बातचीत में आपकी वाणी में कटुता नहीं आए इसका विशेष ख्याल रखें। महीने के मध्य में सूर्य चतुर्थ भाव में आएगा जबकि शुक्र पराक्रम भाव में आएगा। परिवार के साथ व्यवहार में आपको नियंत्रण रखना पड़ेगा। विदेश में किसी भी प्रकार से आपके प्रफेशनल संबंधों में वृद्धि होगी। फिलहाल, आप उद्यम शुरू करने के लिए जोश में रहेंगे। चल-अचल पैतृक संपत्ति से संबंधित विवादों का भी धीमी गति से समाधान होगा। वाहन संबंधी कार्य पूर्ण होने की संभावना है। महीने के अंतिम सप्ताह में आपके घर में मेहमानों की आवाजाही अधिक रहेगी।

 

कर्क (Cancer): आपके लग्नस्थान में शुक्र का भ्रमण प्रेम संबंधों में शुभ प्रभाव की सूचना दे रहा है। साथ ही राहु होने से संबंधों में धोखा होने की भी संभावना भी है, सावधानी रखें। दांपत्य स्थान में केतु होने से जीवनसाथी के साथ मतभेद बढ़ सकते हैं। जिनको गूढ़ विद्या, आध्यात्मिक और धार्मिक ज्ञान, ज्योतिषविद्या, कर्मकांड आदि में रुचि हो उनके इस दिशा में अधिक ज्ञान प्राप्त करने के लिए दूसरा सप्ताह अनुकूल रहेगा। इस महीने में ही गुरु राशि परिवर्तन करके तुला राशि में प्रवेश करेगा, जिस कारण आपको भाग्य का साथ मिलता हुआ महसूस होगा। माता का स्वास्थ्य ठीक होगा। संतान संबंधी चिंता अथवा तकलीफों का निराकरण कर सकेंगे। महीने के मध्य में धन स्थान में शुक्र के आने से आर्थिक लाभ का प्रयास कारगर सिद्ध होंगे। हांलाकि, इसके साथ इलेक्ट्रॉनिक वस्तुओं, वाहन और अचल संपत्ति तथा मशीनरी में खर्च अधिक होगा। उत्तरार्ध के समय में सूर्य राशि बदलकर पराक्रम भाव में आएगा जो नए उद्यम के लिए प्रेरणा प्रदान करेगा। अंतिम सप्ताह में प्रेम संबंधों में भी मुलाकात की योजना अवरोध का सामना करेगी। जिनको दांत, मसूड़ों, कंधों के स्नायुओं की तकलीफ हो, उन्हें इस समय उपचार पर अधिक ध्यान देना चाहिए। किसी भी दस्तावेज अथवा करार पर हस्ताक्षर करने में भी सावधानी रखें।

सिंह (Leo): महीने की शुरुआत में पांचवें भाव में चंद्र होने से प्रेम संबंधों में तकलीफ रहेगी। अध्ययन में ध्यान नहीं रहेगा। विद्यार्थीवर्ग को इस समय किसी भी अनैतिक अथवा गलत गतिविधियों से दूर रहने की सलाह है। उन्हें अध्ययन में अधिक ध्यान देना चाहिए। नौकरीपेशा जातकों का स्थानांतरण होने की भी संभावना है। कारोबार संबंधी छोटे-बड़े फेरबदल होंगे। नियमितता नहीं रहने से बेचैनी और हताशा का अनुभव करेंगे। कार्य से असंतोष रहेगा। अप्रत्याशित खर्चों में भी शीघ्रता से वृद्धि होगी। बडे़ लोगों अथवा अधिकारियों के साथ पहचान बढ़ेगी। नौकरी कर रहे जातकों के वेतन वृद्धि अथवा प्रमोशन के आसार हैं। काम में वरिष्ठ अधिकारियों का भी सहयोग मिलेगा। महीने के मध्य में पारिवारिक समस्याएं रहेंगी। मनमुटाव का प्रसंग बन सकता है, जिससे मन में उद्वेग और बेचैनी का अनुभव करेंगे। मतिभ्रम उत्पन्न होगा तथा पति-पत्नी के बीच भी किसी भी विषय में गलतफहमी अथवा मतभेद होने से मानसिक रुग्ड़ता महसूस होगी। वसीयत का कोई विषय हो तो वह आगे बढ़ेगा। भाई-बंधुओं से मुलाकात होगी। महीना के अंत में माता के साथ मतभेद हो सकता है अथवा माता को शारीरिक तकलीफ सहन करनी पड़ेगी। कामकाज में आपके भाग्य का साथ मिलता रहने से अनुकूलता रहेगी और सफलतापूर्वक समय से काम पूरा कर सकेंगे।

कन्या (Virgo): इस महीने प्रेम संबंध में निकटता बढ़ेगी। विवाह के इच्छुक जातकों को भी योग्य व्यक्ति मिलने की संभावना प्रबल बनेगी। स्वास्थ्य के मोर्चे पर आपको संभलना पड़ेगा। इस समय आंख में तकलीफ होगी। अगर जरूरी नहीं हो तो आंख संबंधी कोई सर्जरी अथवा मोतियाबिंद का ऑपरेशन अभी ना कराएं। कोर्ट कचहरी के काम में पराजय होगी। विरासत में मिली संपत्ति का विवाद भी आपको बेहद परेशान रखेगा। आकस्मिक चोट की संभावना भी अधिक रहेगी। इसके अलावा विचारों में नकारात्मकता आने की संभावना है। भाई-बहन के साथ विवाद हो सकता है। आर्थिक उन्नति के लिए प्रयास इस समय निष्फल रहेंगे। उधारवसूली के कार्य में अवरोध के बाद समाधान आएगा। हालांकि, महीने के उत्तरार्ध में सूर्य राशि बदलकर लग्न में आने से थोड़ी राहत मिलेगी। इस समय शुक्र के व्यय स्थान में आने से भोगविलास और मौज-शौक के ऊपर आप अधिक ध्यान देंगे। विपरीत लिंग वाले व्यक्तियों के ऊपर आवश्यकता से अधिक खर्च करने की भी संभावना है। जिनको गुप्तांगों में स्वास्थ्य समस्या है, उन्हें उपचार में अधिक सावधानी बरतनी होगी। गुरु के अभी धन स्थान में स्थित होने से आय के मोर्चे पर अनुकूलता रहेगी। नौकरी के इच्छुक जातकों के लिए नौकरी के रास्ते खुलेंगे। इस समय यदि स्थानांतरण हो तो इससे फायदा होगा।

तुला (Libra): आपकी राशि में बुध इस समय वक्री चल रहा है। दूरवर्ती स्थान पर होने वाले किसी भी प्रकार के कम्युनिकेशन में शब्दों का खूब सोच-समझकर प्रयोग करें अन्यथा आपकी बात का गलत मतलब निकाला जा सकता है। महीने के प्रारंभ में माता के साथ संबंधों में कड़वाहट उत्पन्न होगी। संपत्ति से संबंधित कार्यों में विलंब अथवा काम अटक जाने से चिंता होगी। द्वितीय सप्ताह में नौकरी पेशा लोगों को काम का भार बढ़ सकता है। जो लोग प्रेम संबंधों में आगे बढ़ने के इच्छुक हैं अथवा योग्य जीवनसाथी की तलाश में है, उन्हें सार्वजनिक संपर्कों में से कोई योग्य व्यक्ति मिल सकता है। ग्यारहवें स्थान में भ्रमण करता हुआ सूर्य, मंगल और बुध कामकाज में वृद्धि कराएगा, जबकि गुरु उत्तम शारीरिक तंदुरुस्ती प्रदान करेगा। महीने के आखिरी पखवाड़े में सूर्य राशि परिवर्तन करके आपकी राशि से बारहवें स्थान में आएगा। गुरु राशि परिवर्तन करके आपके लग्न स्थान में आएगा। गुरु का भ्रमण आगामी एक वर्ष तक शुभ रहेगा। शुक्र अब ग्यारहवें स्थान में आ जाएगा। पुराने मित्रों के कारण व्यापार में लाभ हो सकता है। वरिष्ठ अधिकारियों, राजनेताओं, प्रतिष्ठित लोगों, परिवार में बुजुर्गों आदि के साथ व्यवहार में आपको संयम रखना पड़ेगा। आपका मन धर्म और ध्यान की तरफ बढ़ेगा। आप आध्यात्मिक गतिविधियों में शामिल होंगे।

वृश्चिक (Scorpio): आपके लिए यह समय आर्थिक मामलों में अधिक लाभकारी नहीं है। फिर भी उधार-वसूली का पैसा अथवा पहले लोन आदि के लिए किए गए आवेदन मंजूर होने से आपके कामकाज नहीं अटकेंगे। कृषि अथवा उससे से संबंधित उत्पाद, सरकारी नौकरी अथवा सरकार से संबंधित कामकाज, शिक्षण, बैंकिंग, फाइनैंस आदि कार्यों में आप अच्छी प्रगति कर सकेंगे। फिलहाल, विवाह के इच्छुक जातक भी योग्य व्यक्ति से मिलने की आशा रख सकते हैं। दूसरे सप्ताह में गुरु राशि बदलकर तुला में प्रवेश करेगा। मन की शांति, स्थिरता, आनंद और उत्साह में वृद्धि होगी। नौकरी में स्थिरता आएगी। प्रमोशन मिलेगा। महीने के मध्य में सूर्य राशि बदलकर आपके लाभ स्थान में आएगा, जबकि बुध, शुक्र और मंगल कर्म स्थान में रहेंगे। जिन लोगों के पास रोजगार नहीं है उन्हें नौकरी मिलेगी। विवाह के इच्छुक जातक की योग्य साथी की खोज पूर्ण होगी। विदेश से संबंधित कामकाज में तारीख 20 से 22 तक अनुकूलता अधिक रहेगी। प्रॉपर्टी, जमीन-मकान के मामले में भी बड़ा लाभ होगा। महीने के अंत में किसी भी मामले में आप अधिक साहसिक रहेंगे।

धनु (Sagittarius): इस महीने आप आय तथा व्यय में संतुलन रखने का प्रयास करेंगे। आयात-निर्यात अथवा मल्टीनैशनल कंपनी में नौकरी या जन्मभूमि से दूर काम करने वाले जातकों के लिए अधिक अनुकूलता रहेगी। विद्यार्थियों को अध्ययन में भाग्य का साथ मिलेगा परंतु अनावश्यक खर्चों से दूर रहें। सूर्य भाग्य भाव में अपनी राशि में ऊर्ध्वगामी रहेगा। परिवार से संबंधित उत्तम कार्य करने के लिए अनुकूल समय है। जमीन-मकान तथा प्रॉपर्टी और वाहन विषयक कार्यों में अनुकूलता बढ़ेगी। जिन जातकों को त्वचा के संबंधी समस्या हो वे विशेष सावधानी रखें। सेल्स व मार्केटिंग, शिक्षण, कंसल्टेंसी जैसे कार्यों में रुचि रखने वाले जातकों के लिए बेहतर समय है। प्रिय व्यक्ति के साथ बातची और मुलाकात की भी संभावना प्रबल बनेगी। महीने के उत्तरार्ध में गुरु राशि बदलकर तुला राशि में आपके लाभ स्थान में आएगा। आपके बड़े भाई-बहन के साथ संबंधों में अधिक निकटता होगी। महीने के अंतिम सप्ताह में आप मानसिक व्यग्रता और शारीरिक सुस्ती के कारण कामकाज में ध्यान नहीं दे सकेंगे। सामाजिक प्रतिष्ठा को भी बरकरार रखने के लिए आपको अधिक प्रयास करने पड़ेंगे। नई नौकरी के अवसर खोजने के लिए भी सक्रिय होंगे। सार्वजनिक तथा सामाजिक कार्यों में अधिक अनुकूलता रहेगी। विपरीत लिंग वाले व्यक्ति के मामले में उत्तम परिणाम मिलते रहेंगे।

मकर (Capricorn): महीने के पूर्वार्ध में 1 और 2 तारीख के दौरान आपको धन प्राप्ति होगी। व्यवसाय में आप इच्छित प्रगति कर सकेंगे। 2 तारीख के दौरान मानसिक चिंता, बेचैनी रहेगी और नींद नहीं आएगी। 3, 4 और 5 तारीख के दौरान समय अनुकूल नहीं लगेगा। पैसे संबंधी मामलों को लेकर किसी के साथ झगड़ा हो सकता है। आत्मविश्वास में कमी आएगी। सुख-सुविधा की प्राप्ति में अड़चनें आएंगी। इस समय आपको नौकरी में कामकाज के अनुसार यश, कीर्ति, मान, प्रतिष्ठा नहीं मिल सकेगी। बीमारी होने की आशंका को देखते हुए खाने-पीने में ध्यान रखें। इस सप्ताह के मध्य भाग में पारिवारिक समस्याओं में वृद्धि हो सकती है। महीने के उत्तरार्ध में 17 और 18 तारीख के दौरान कहीं बाहर घूमने-फिरने जाने की योजना बनेगी अथवा किसी मित्र से मुलाकात होगी। आप अपने लिए किसी नई वस्तु अथवा कपड़े की खरीदारी करेंगे। खर्चों के बढ़ने की संभावना है। शेयर-सट्टे में ठगे जाने की संभावना होने से इस समय शेयर बाजार में निवेश नहीं करें। 23, 24 और 25 तारीख के दौरान सरकारी कामकाज में प्रगति होगी। सामाजिक कार्यों में भाग लेंगे। यह सप्ताह आपके लिए फलदायी रहेगा, स्वास्थ्य को नजरअंदाज ना करें। महीने के अंतिम समय में संतान की तरफ से खुशी मिलेगी। मित्रों के साथ मिलना-जुलना होगा। कुल मिलाकर आनंदपूर्वक जीवन बिता सकेंगे।

कुंभ (Aquarius): यह महीना नौकरीपेशा लोगों के लिए विशेष रूप से सृजनात्मक कार्य करने का है। आप अपनी उत्तम परफॉर्मेंस देकर अच्छी प्रगति कर सकेंगे। हालांकि, आपको शत्रुओं से सावधानी रहना होगा। व्यवसायिक लोग अपने कार्य धीमी परंतु स्थिर गति से आगे बढ़ा सकेंगे। दांपत्य संबंधों में थोड़ी नीरसता महसूस होगी। इसके साथ-साथ आपके बीच अहं और गुस्से के कारण तनाव की संभावना भी दिखाई दे रही है। महीने के पूर्वार्ध में आपको वाणी और व्यवहार में संयम रखना होगा। आपके भोग-विलास में कमी आएगी अथवा अंतरंग जीवन में नीरसता आने की संभावना है। महीने के उत्तरार्ध में जहां सूर्य राशि बदलकर अष्टम स्थान में जाएगा, वहीं शुक्र सप्तम स्थान में आएगा। ग्रहों के इस हलचल से दांपत्य संबंधों में थोड़ा सुधार आएगा। जीवनसाथी और बुजुर्गों का स्वास्थ्य आपको चिंता में रखेंगा। वर्तमान समय धार्मिक प्रवास के लिए सर्वथा योग्य है। गुरु के राशि बदलकर तुला में आने से आपको भाग्य का साथ मिलता रहेगा। बुद्धि तीव्र होगी तथा वकालत से जुड़े व्यक्तियों में तर्क-वितर्क करने की अद्भुत शक्ति आएगी। भाई-बंधुओं के साथ सामंजस्यपूर्ण संबंध बनेंगे। संतान का पढ़ाई में मन लगेगा। आप ज्ञान-पिपासु बनने लगेंगे।

मीन (Pisces): इस महीने मंगल आपके लिए हर प्रकार से मंगलकारी रहेगा। यह आपको हर काम में विजय प्राप्त कराएगा और सफलता प्राप्त होगी। तंदुरुस्ती बरकरार रहेगी। किसी रोग से परेशान हैं तो उसमें सुधार आएगा। कोर्ट-कचहरी के भी कामों में विजय होगी। विदेश गमन का योग बन रहा है। जमीन से लाभ होगा। इस स्थान में ही सूर्य की युति होने से नौकरी पेशा लोगों को वरिष्ठ अधिकारियों की तरफ से लाभ मिलेगा। हालांकि, आपको उनके साथ संबंधों में विनम्रता बनाए रखनी पड़ेगी। आप पूरे जोश और उत्साह से आगे बढ़ेंगे। विद्यार्थियों में इस समय अवरोध और बेचैनी बढ़ने की आशंका है। सृजनात्मक विषयों में अध्ययन करने वाले जातकों के लिए समय सबसे अधिक संभलने का है। प्रेम संबंधों में विशेष रूप से आपको किसी पर अति विश्वास करके संबंधों में आगे नहीं बढ़ने की सलाह है। किसी की धोखेबाजी के चलते आपके विश्वास को ठेस लग सकती है। माह के उत्तरार्ध में सूर्य सप्तम भाव में आने से विशेष रूप से दांपत्य जीवन में अहं का टकराव हो सकता है। भागीदारी के कार्यों में भी संभलना पड़ेगा। इस समय गुरु का राशि परिवर्तन होकर आपकी राशि से आठवें स्थान में भ्रमण चालू रहेगा, जो आपके लिए शुभ नहीं है। नौकरी-धंधे में तकलीफ उत्पन्न होंगी। शारीरिक कष्ट बढ़ेगा। गुरु की दूसरे भाव पर दृष्टि आपको गूढ़ विद्या में रुचि जगाएगी। आपकी वाणी में शिष्टता अधिक होगी। महीने के अंतिम दिनों में विपरीत लिंग वाले व्यक्ति के प्रति आकर्षण घटेगा। अंतरंग संबंधों में भी नीरसता आने की आशंका है।