रेल यात्रा के दौरान अब एम-आधार आईडी प्रूफ के तौर पर मान्य होगा. रेल मंत्रालय ने बुधवार को यह जानकारी दी.  ट्रेन में यात्रा करने वाले यात्रियों को आईडी प्रूफ के रूप में आधार कार्ड की हार्ड कॉपी दिखाना जरूरी नहीं होगा.

बुधवार को रेल मंत्रालय ने कहा कि ट्रेन यात्री अपने साथ आधार कार्ड ले जाने के बजाए एम-आधार साथ रख सकते हैं, जिसे वो आईडी प्रूफ के तौर पर दिखा सकते हैं. यानी आपको आधार की किसी हार्ड कॉपी की जरूरत नहीं है. सरकार की तरफ से ये फैसला वित्त मंत्री अरुण जेटली के आधार से जुड़े कानून पर भरोसा जताने के बाद आया है.



आपको बता दें कि mAadhaar आधार कार्ड का डिजिटल वर्जन है. ये एक मोबाइल ऐप है जो एंड्रॉयड प्लेटफॉर्म पर काम करता है. इस ऐप में यूजर्स अपना नाम, जन्मदिन, लिंग, पते और फोटे के साथ आधार नंबर को जोड़ सकते हैं. फिर इस ऐप को आप आधार कार्ड की तरह ही रेल टिकट प्रूफ के तौर पर इस्तेमाल कर सकते हैं.

गौरतलब है कि आज ही वित्त मंत्री ने कहा है कि उन्हें भरोसा है कि आधार से जुड़ा कानून पूरी तरह से संवैधानिक होगा. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि पिछली केंद्र सरकार उस समय आधार की असल ताकत और उपयोगिता नहीं समझ पाई थी, जिस समय उसे लॉन्च किया गया था. तकनीकी रूप से आधार की तारीफ करते हुए जेटली ने कहा कि इसे कानूनी रूप से सशक्त बनाया जाना चाहिए था.

आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट में सरकार के उस कदम के खिलाफ दी गई याचिका पर सुनवाई जारी है, जिसमें सरकार ने सामाजिक कल्याण से जुड़ी योजनाओं के लिए आधार को अनिवार्य बनाने के लिए कहा है.