वित्त मंत्री अरुण जेटली ने मंगलवार को एक कार्यक्रम में बोलते हुए कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधा. जेटली ने कहा कि मुझे उस समय काफी शर्म आई, जब अमेरिका में बैठकर कहा गया कि परिवारवाद इस देश के स्वभाव में है. बता दें कि राहुल गांधी ने अपने बर्कले यूनिवर्सिटी में एक सवाल के जवाब में ऐसा कहा था.

डोकलाम में दिखाया दम

डोकलाम विवाद पर जेटली ने कहा कि हमने कभी इसे राजनीतिक मुद्दा नहीं बनाया, पीएम मोदी ने इस मुद्दे पर बिना कोई कमेंट किए सुलझाने की कोशिश की. वित्त मंत्री बोले कि केंद्र सरकार ने दिखा दिया कि देश में ताकत है. पहली बार भारत के सुरक्षा बल आतंकियों पर दबाव बनाया है.

रोहिंग्या पर भी बोले

रोहिंग्या मुद्दे पर अरुण जेटली ने कहा कि यह म्यांमार और बांग्लादेश का मुद्दा है लेकिन हम लोग ऐसे लोगों को यहां नहीं आने देंगे. लेकिन कांग्रेस लगातार इनका बचाव कर रही है. हर देश को अपनी सुरक्षा की नीति के अनुसार निर्णय अधिकार है.

विकास का विरोध करना गलत

बुलेट ट्रेन पर जेटली ने कहा कि देश में कुछ ही लोग हैं जो इसका विरोध कर रहे हैं, पहले भी लोग टीवी/मोबाइल का विरोध करते थे. जेटली ने कहा कि विकास का विरोध करना हास्यास्पद है.

पहले स्मृति ने किया था वार

इससे पहले केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने भी राहुल पर वार किया था. स्मृति ने कहा, 'पीएम पर तंज कसना राहुल जी के लिए नई बात नहीं. लेकिन ये भी अपने आप में उनकी फेल स्ट्रैटेजी का प्रतीक है. जिस देश में वो एक राजनीतिक पार्टी का नेतृत्व करते हैं, उस देश के नागरिकों द्वारा उनके इस कथन का समर्थन न प्राप्त होने के बाद वे अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पीड़ा व्यक्त कर रहे हैं'.

वंशवाद पर दिया था ये बयान

राहुल ने वंशवाद पर कहा था कि हमारा देश परिवारवाद से ही चलता है. उन्होंने कहा, 'परिवारवाद पर हमारी पार्टी पर निशाना न साधें, हमारा देश इसी तरह काम करता है. अखिलेश यादव, एमके स्टालिन, अभिषेक बच्चन कई तरह के उदाहरण हैं. इसमें मैं कुछ नहीं कर सकता हूं. मुकेश अंबानी के बाद अब इंफोसिस में भी ये चीज़ दिख रही है'.