गांधीनगर: गुजरात विधानसभा चुनाव के दूसरे एवं अंतिम चरण के तहत मतदान समाप्‍त हो चुका है. दूसरे चरण में 68.70 फीसदी मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया. चुनाव आयोग ने यह जानकारी दी. 9 दिसंबर को पहले चरण में 66.75 प्रतिशत मतदान हुआ था. गुजरात चुनाव का दूसरा व अंतिम चरण गुरुवार को सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी(भाजपा) और आक्रामक कांग्रेस के जुबानी जंग के बीच समाप्त हो गया. राज्य के उत्तरी और मध्य क्षेत्रों के 14 जिलों की 93 सीटों पर मतदान हुआ. दूसरे चरण में 851 उम्मीदवारों की किस्मत दांव पर लगी है. गुजरात चुनाव के दूसरे व अंतिम चरण के तहत गुरुवार को ईवीएम में गड़बड़ी की भी कुछ शिकायतें मिलीं. सुबह के समय ठंड होने की वजह से मतदान केंद्रों में भीड़ कम नजर आई, लेकिन धूप खिलने से लोगों को ठंड से कुछ राहत मिली, जिसके बाद मतदान ने रफ्तार पकड़ी. दोपहर में लोगों को मतदान केंद्रों के बाहर लंबी कतारों में देखा गया.


इससे पहले पीएम मोदी ने राणिप में वोट डालने के लिए पहुंचे और यहां वह लाइन में लगे. वोट डालने के बाद पीएम मोदी ने घरों के बाहर और सड़कों पर खड़े लोगों का हाथ हिलाकर अभिवादंन किया. इस दौरान वह काफी दूर तक पैदल चलकर भी गए. बीजेपी के वरिष्‍ठ नेता लाल कृष्‍ण आडवाणी ने अहमदाबाद के जमालपुर खडिया में वोट डाला.


इससे पहले पाटीदार नेता हार्दिक पटेल ने वीरमगाम में अपना वोट डाला. वोट डालने के बाद हार्दिक पटेल ने कहा कि काफी अच्‍छे परिणाम आएंगे क्‍योंकि गुजरात की छह करोड़ लोगों ने अपने भविष्‍य की फिक्र कर रहे हैं. अभी से सचिवालय के अंदर सीक्रेट फाइल गायब होनी शुरू हो गई हैं. आधे लोग तो कर्नाटक के चुनाव में लग गए हैं इसका मतलब है कि वो हार मार चुके हैं. डिप्टी सीएम नितिन पटेल और कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष भरत सिंह सोलंकी ने भी वोट डाला. 


वहीं गुजरात चुनाव के दूसरे एवं अंतिम चरण के तहत गुरुवार को ठंड बढ़ने की वजह से शुरुआती कुछ घंटों में कम ही मतदाता मतदान के लिए घरों से निकले. मतदान के शुरुआती दो घंटों में सिर्फ 10 फीसदी मतदान ही हुआ. अधिकारी का कहना है कि दिन बढ़ने के साथ-साथ मतदाताओं की संख्या में इजाफा होगा. वडोदरा और आसपास के शहरों में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) में गड़बड़ी को लेकर निर्वाचन आयोग से कई शिकायतें की गईं. कई स्थानों पर ईवीएम में गड़बड़ी की वजह से मतदान प्रक्रिया बाधित हुई.


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मां हीरा बेन ने गांधी नगर के पोलिंग बूथ में वोट डाला. वहीं हार्दिक पटेल की माता-पिता ने वीरमग्राम में वोट डाला. वित्‍त मंत्री अरुण जेटली ने लाइन में लगकर वोट डालााा. इसके बाद उन्‍होंने कहा मैं गुजरात की जनता से अपील करता हूं कि वो भारी मात्रा मे आएं और वोट करें. विकास यात्रा को कायम रखें.


शंकर सिंह वाघेला ने गांधी नगर के वासन में वोट डाला. बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने नारनपुरा से विधानसभा चुनाव के लिए वोट डाला. कड़ी सुरक्षा के बीच अहमदाबाद, गांधीनगर, बनासकांठा समेत 14 जिलों की 93 सीटों पर वोट डाले जाएंगे. इस दौर में कुल 851 उम्मीदवार मैदान में हैं. पीएम नरेंद्र मोदी, बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह, वित्त मंत्री अरुण जेटली, लाल कृष्ण आडवाणी समेत 2.22 करोड़ वोटर गुरुवार को अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे.


वहीं कई बड़े चेहरों की किस्मत गुरुवार को ईवीएम में कैद हो जाएगी. कई सीटों पर काफी दिलचस्प मुक़ाबले की उम्मीद है. मेहसाणा से उपमुख्यमंत्री नितिन पटेल का मुकाबला कांग्रेस के जीवाभाई पटेल से है. राधनपुर से कांग्रेस के अल्पेश ठाकोर का मुकाबला बीजेपी के लविंगजी ठाकोर से है. वहीं वडगाम सीट से कांग्रेस समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार जिग्नेश मेवाणी का मुकाबला बीजेपी के विजय चक्रवर्ती से है.



पिछली बार के सभी चुनावों से यह चुनाव कुछ अलग है. क्योंकि भाजपा के खिलाफ जाति आधारित समीकरण बैठाने की जुगत में कांग्रेस ने हार्दिक पटेल, ठाकोर और मेवानी का सहारा लिया है जो पाटीदारों, अन्य पिछड़ा वर्ग और दलितों की ओर से युवा तुर्क बनकर उभरे हैं. 


गुजरात विधानसभा चुनाव कांग्रेस और भाजपा दोनों के लिए साख का विषय है. इतना ही नहीं, यह दोनों के लिए परीक्षा की घड़ी भी है. एक-दो जगह को छोड़ दें तो लोकसभा चुनाव के बाद से कांग्रेस लगातार हार का मुंह देखती आ रही है. कांग्रेस इस चुनाव को जीतकर अपनी खोई जमीन तलाशने की कोशिश करेगी और एक बार फिर से अपने कार्यकर्ताओं में विश्वास भरने की कोशिश करेगा. वहीं भाजपा के लिए इस चुनाव को 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले की परीक्षा माना जा रहा है. अगर एक तरह से कहा जाए तो गुजरात विधानसभा चुनाव पीएम मोदी के लिए प्रतिष्ठा का प्रश्न है और राहुल के लिए अग्निपरीक्षा है. 


बता दें कि दूसरे चरण के मतदान के लिए चुनाव प्रचार मंगलवार को खत्म हो गया. चुनाव प्रचार थमने से पहले रैलियों में पीएम मोदी और राहुल गांधी ने एक दूसरे पर जमकर आरोप-प्रत्यारोप का खेल खेला. चुनाव प्रचार के अंतिम चरण में मोदी ने तीखा हमला बोला और पालनपुर में एक रैली के दौरान आरोप लगाया कि पाकिस्तान गुजरात चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश कर रहा है. उन्होंने दावा किया कि मणिशंकर अय्यर द्वारा उन्हें ‘नीच’ कहे जाने के एक दिन पहले कुछ पाकिस्तानी अधिकारियों और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिहं के बीच मुलाकात हुई.


हालांकि, मनमोहन सिंह ने मोदी से कहा कि उन्हें अपनी टिप्पणियों के लिए देश से माफी मांगनी चाहिए. इतना ही नहीं, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी मोदी के आरोपों को सिलसिलेबार ढंग से खारिज किया और पीएम मोदी और अमित शाह को आड़े हाथों लिया. इतना ही नहीं, मंगलवार को अहमदाबाद में एक प्रेस कॉनफ्रेंस के दौरान राहुल गांधी ने गुजरात में जीत की उम्मीद जताई और कहा कि इंतजार कीजिए, गुजरात चुनाव के नतीजे जबरदस्त होंगे.