मध्य प्रदेश में चुनावी बिगुल फूंकने के लिए 6 जून को कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी मंदसौर आ रहे हैं. लेकिन उनके दौरे के पहले समूचे मालवा की कांग्रेस पार्टी में बवाल मच गया है. पूर्व कांग्रेस सांसद मीनाक्षी नटराजन के समर्थकों ने नीमच, मंदसौर और रतलाम में बड़े पैमाने पर पार्टी पदों से इस्तीफे देने शुरू कर दिए हैं.


दरअसल, पार्टी ने हाल ही में बनाई गई प्रदेश कांग्रेस की समन्वय समिति में कांग्रेस से निष्कासित रहे पूर्व जिलाकांग्रेस अध्यक्ष राजेंद्र सिंह गौतम को सदस्य बनाया गया है. जिसके चलते पूर्व सांसद और राहुल गांधी की करीबी मीनाक्षी नटराजन के समर्थकों ने नीमच, मंदसौर और रतलाम में इस्तीफे दे दिए हैं.


इस मामले में सबसे पहले जिला कांग्रेस मंदसौर के उपाध्यक्ष पद से इस्तीफा देने वाले नटराजन के खास महेंद्र गुर्जर ने कहा कि राजेंद्र सिंह गौतम 2009 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की अधिकृत प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन के खिलाफ निर्दलीय चुनाव लड़े थे, जिस पर उन्हें 6 साल के लिए निष्काषित किया गया था. उसके बाद उन्होंने 2013 में मंदसौर से विधानसभा का अधिकृत प्रत्याशी था. गौतम ने मेरे खिलाफ काम किया, अभी उनकी निष्कासन अवधि पूरी नहीं हुई और उन्हें समन्वय समिति का मेंबर बना दिया.


नटराजन के खास महेंद्र गुर्जर ने बताया कि उनके साथ करीब आधा दर्जन ब्लॉक अध्यक्षों और करीब एक दर्जन मंडलम अध्यक्षों ने भी पार्टी के पदों से इस्तीफे सौंप दिए हैं.

इसके अलावा नीमच में मीनाक्षी नटराजन समर्थक जिला कांग्रेस कमेटी जिला नीमच के उपाध्यक्ष प्रभुचंदेल, तरुण बाहेती सचिव, मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस, दिनेश बैरागी ब्लाक कांग्रेस महामंत्री जावद, संजय तिवारी ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष सिंगोली, सत्यनारायण पाटीदार पूर्व जनपद अध्यक्ष जावद, रमेश राजोरा जिला संयोजक राजीव गांधी पंचायती राज संगठन नीमच ने अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है. इसके साथ ही रतलाम में नटराजन समर्थक पीपीपी सचिव युसूफ कडपा ने भी पद से इस्तीफा सौंप दिया है.